UP ECCE Educator News: उत्तर प्रदेश बेसिक शिक्षा विभाग ने आंगनवाड़ी बालवाटिका शिक्षा को मजबूत करने की दिशा में बड़ा कदम उठाया है। विभाग ने आंगनवाड़ी बालवाटिकाओं में आउटसोर्सिंग के माध्यम से ईसीसीई शिक्षकों की तैनाती की प्रक्रिया शुरू कर दी है। राज्य के विभिन्न जिलों में लगभग 8800 से अधिक पदों पर शिक्षकों की नियुक्ति की जाएगी। इस प्रक्रिया में वही अभ्यर्थी शामिल हो सकते हैं जो छोटे बच्चों को पढ़ाने में रुचि रखते हैं और तय की गई योग्यता रखते हैं। हर जिले के लिए अलग-अलग एजेंसियां आवेदन आमंत्रित कर रही हैं। इसी क्रम में कानपुर देहात, अंबेडकर नगर और चित्रकूट जिलों के लिए आधिकारिक सूचना जारी की जा चुकी है। सरकार का उद्देश्य तीन से छह वर्ष तक के बच्चों को कौशल आधारित प्रारंभिक शिक्षा उपलब्ध कराना है ताकि उन्हें आगे की पढ़ाई के लिए मजबूत नींव मिल सके।
राज्य में 8800 से अधिक ईसीसीई शिक्षक रखे जाएंगे :
बेसिक शिक्षा विभाग से जुड़े जिन प्राथमिक या कंपोजिट विद्यालयों में आंगनवाड़ी केंद्र संचालित हैं, उन्हीं स्थानों पर इन शिक्षकों की नियुक्ति की जाएगी। पहले चरण में 10000 से अधिक शिक्षकों की तैनाती की प्रक्रिया पहले से जारी है, वहीं अब दूसरे चरण में करीब 8800 नए पदों पर नियुक्ति की तैयारी चल रही है। कानपुर देहात में 131 सह संचालित आंगनवाड़ी केंद्रों और 12 विद्यालयों में कुल 143 ECCE एजुकेटर की नियुक्ति की जाएगी। अंबेडकर नगर जिले के लिए 141 पदों पर ईसीसीई एजुकेटर की नियुक्ति प्रस्तावित है। वहीं चित्रकूट जिले में 57 पदों के लिए ईसीसीई एजुकेटर की तैनाती की जाएगी,जिसकी प्रक्रिया जल्द शुरू होगी।
क्या है योग्यता और आयु सीमा :
ECCE शिक्षक के लिए अभ्यर्थी के पास किसी मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालय से गृह विज्ञान विषय में स्नातक की डिग्री 50 प्रतिशत अंकों के साथ होनी चाहिए। आरक्षित वर्ग के अभ्यर्थियों को न्यूनतम 45 प्रतिशत अंकों से पास होना जरूरी रहेगा। यदि अभ्यर्थी के पास गृह विज्ञान में डिग्री नहीं है तो वह एनटीटी, डीपीएसई या राष्ट्रीय अध्यापक शिक्षा परिषद से मान्यता प्राप्त किसी समान नर्सरी शिक्षक प्रशिक्षण कोर्स के माध्यम से भी पात्र हो सकता है। आयु सीमा 21 से 40 वर्ष के बीच रखी गई है और गणना एक जुलाई 2024 के आधार पर की जाएगी।
क्या है मानदेय और सेवा अवधि :
इन शिक्षकों की नियुक्ति पूरी तरह आउटसोर्स व्यवस्था से की जाएगी। प्रारंभ में यह नियुक्ति 1 वर्ष के लिए होगी और अच्छा कार्य मिलने पर इसे अगले वर्ष के लिए बढ़ाया जाएगा। वर्तमान में शिक्षकों को दस हजार तीन सौ तेरह रुपये का मानदेय दिया जाएगा जिसमें भविष्य निधि अंशदान तेरह प्रतिशत के हिसाब से तेरह सौ इकतालीस रुपये शामिल होंगे। सरकार ने आउटसोर्स कर्मचारियों के मानदेय में बढ़ोतरी का संकेत दिया है जिससे आगे चलकर ईसीसीई शिक्षकों के वेतन में भी वृद्धि हो सकती है।
आवेदन प्रक्रिया क्या होगी :
इन पदों के लिए आवेदन करने वाले अभ्यर्थियों को उत्तर प्रदेश सेवायोजन पोर्टल पर जाकर पंजीकरण करना होगा और अपने सभी आवश्यक दस्तावेज जमा करने होंगे। पंजीकरण के बाद अभ्यर्थी इस प्रक्रिया में शामिल हो सकते हैं। इसके बाद जिला स्तर की समिति द्वारा मेरिट के आधार पर चयन किया जाएगा। इस प्रक्रिया में किसी प्रकार की परीक्षा या साक्षात्कार नहीं होगा। अभ्यर्थी संबंधित जिले की आधिकारिक सूचना देखकर पूरी जानकारी प्राप्त कर सकते हैं। यह योजना राज्य सरकार की ओर से आंगनवाड़ी बालवाटिका शिक्षा व्यवस्था को सशक्त बनाने की दिशा में एक अहम पहल मानी जा रही है। इससे आंगनवाड़ी केंद्रों की गुणवत्ता में सुधार होगा और प्रदेश के हजारों युवाओं को रोजगार का अवसर मिलेगा।
